शनिवार 15 मुहर्रम 1444 - 13 अगस्त 2022
हिन्दी

मुँहासे फोड़ना और रोज़े पर उसका प्रभाव

प्रश्न

मेरे चेहरे पर मुँहासे हैं। मैंने रमज़ान के दौरान रोज़े की अवस्था में एक मुँहासा फोड़ दिया। मुझे अपने रोज़े के टूटने के बारे में संदेह था, लेकिन मैंने उस दिन को बाद में रोज़ा रखकर क़ज़ा कर लिया। क्या मुझे कुछ और करना हैॽ

उत्तर का पाठ

हर प्रकार की प्रशंसा और गुणगान केवल अल्लाह तआला के लिए योग्य है।.

चेहरे पर प्रकट होने वाले मुँहासे को फोड़ना रोज़े को अमान्य नहीं करता है और न उसके कारण रोज़े की क़ज़ा करने की आवश्यकता होती है।

रोज़े को अमान्य करने वाली चीजें सर्वज्ञात हैं, जो पवित्र क़ुरआन और नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की प्रामाणिक सुन्नत द्वारा इंगित होती हैं। वे इस प्रकार हैं :

1- संभोग।

2- हस्तमैथुन।

3- खाना-पीना।

4- जो चीज़ खाने और पीने के अर्थ में हो, जैसे पोषण देने वाले इंजेक्शन।

5- जानबूझकर उल्टी करना।

6- सिंघी (कपिंग) और जो इसके अर्थ में हो, जैसे रक्तदान करना।

7- महिलाओं के मामले में मासिक धर्म और प्रसवोत्तर रक्तस्राव।

इनके प्रमाणों के बारे में जानकारी के लिए प्रश्न संख्या : (38023 ) देखें।

किसी चीज़ के बारे में यह कहना जायज़ नहीं है कि यह चीज़ रोज़े को अमान्य कर देती है जब तक कि कोई सही प्रमाण न हो जो इसको इंगित करता हो। और इस बात का कोई प्रमाण नहीं है कि शरीर पर प्रकट होने वाले मुँहासों या फुंसियों को फोड़ना रोज़े को खराब (अमान्य) कर देता है।

इसके आधार पर, आपका रोज़ा सही (मान्य) है और आपको इसकी क़ज़ा (भरपाई) करने की आवश्यकता नहीं है, तथा आपको उस दिन का प्रतिफल दिया जाएगा, जिस दिन आपने क़ज़ा के तौर पर रोज़ा रखा था, और वह आपके लिए एक नफ़्ल रोज़ा हो जाएगा।

इस चेतावनी के साथ कि आपको मुँहासों को फोड़ने के बारे में डॉक्टरों से संपर्क करना चाहिए, कि क्या यह हानिकारक है या नहींॽ

यदि यह हानिकारक है, तो ऐसा करने से बचना चाहिए।

और अल्लाह तआला ही सबसे अधिक ज्ञान रखता है।

स्रोत: साइट इस्लाम प्रश्न और उत्तर